एस पी की सूझबूझ से टली बड़ी अनहोनी, सांप्रदायिक सौहार्द बिगड़ने का प्लान फेल, चार हुए गिरफ्तार।
शहाबुद्दीन अहमद
बेतिया, बिहार।
जिला पुलिस कप्तान,डॉक्टर शौर्य सुमन की सूझबूझ से एक बड़ी घटना होते-होते बच गई।इस घटना में सांप्रदायिक सौहार्द बिगड़ने केआरोप में चार युवकों को गिरफ्तार किया गया है,साथ ही बंधक बनाए एक युवक को भी छुड़ा लिया गया है। बेतिया पुलिस के तत्परता,सूझबूझ से एक गंभीर घटना को समय रहते टाल दिया गया। पुलिसअधीक्षक,डॉक्टर शौर्य सुमन के कुशल निर्देशन में बैरिया थाना क्षेत्र के फ़ातु - छापर गांव में ग्रामीणों द्वारा बंधक बनाए गए एक युवक को पुलिस ने सुरक्षित बाहर निकाल लिया,इस पूरी कार्रवाई में सदर 2 डीएसपी, रजनीकांत प्रियदर्शी के साथ बैरिया थानाअध्यक्ष,प्रमोद यादव के महत्वपूर्ण भूमिका रही,जिन्होंनेआक्रोशित भीड़ के बीच पहुंचकर न केवल युवक की जान बचाई,बल्कि स्थिति को भी नियंत्रण में कर लिया।बैरिया पुलिस से मिली जानकारी केअनुसार,फातू - छप्पर में एक युवक को ग्रामीणों ने बंधक बना लिया। घटना की गंभीरता को देखते हुए थानाअध्यक्ष,प्रमोद यादव दलबल के साथ मौके पर पहुंचे,उन्हें आक्रोशित ग्रामीणों के कड़े विरोध, अभद्र व्यवहार का भी सामना करना पड़ा। ग्रामीणों ने पुलिस कार्य में बाधा उत्पन्न की,लेकिन पुलिस ने साहस का परिचय देते हुए युवक को सुरक्षित मुक्त कर लिया। जांच में यह बात सामनेआई है कि गांव की एक नाबालिक लड़की का सुबह से गायब होने का परिजनों ने प्रेम प्रसंग में अपहरण करने के जुर्म में युवक को बंधक बना लिया था।पुलिसअधीक्षक के निर्देश पर डीएसपी,रजनीश कांत प्रियदर्शी ने मामले की गहन जांच की,जिसमें पता चला कि लड़की अपने एक रिश्तेदार के घर चली गई थी, जिसे बाद में सुरक्षित बरामद कर लिया गया। इस मामले में पुलिस ने युवक को बंधक बनाने,सांप्रदायिक सौहार्द बिगड़ने का प्रयास करने और सरकारी कार्यों में बाधा डालने के आरोप में एक नई प्राथमिकी दर्ज की है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए सतीश कुमार,राधेश्याम कुमार,राहुल कुमार,श्रीकांत कुमार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।