सावन माह के दृष्टीगत सार्वजनिक स्थानों, मन्दिरो व भीड़ भाड़ वाले स्थानो पर विशेष सुरक्षा अभियान
महराजगंज, उत्तर प्रदेश
महराजगंज जनपद में उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा संचालित मिशन शक्ति अभियान के तहत पुलिस अधीक्षक (SP) सोमेन्द्र मीणा के निर्देशन में एक व्यापक जागरूकता कार्यक्रम चलाया जा रहा है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा, सशक्तिकरण और उनके अधिकारों के प्रति जागरूकता बढ़ाना है। इसके अंतर्गत जनपद की एंटी रोमियो टीम और महिला बीट आरक्षियों द्वारा स्कूलों, कॉलेजों, बाजारों और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर जाकर लोगों को जागरूक किया जा रहा है। यह अभियान विशेष रूप से बालक-बालिकाओं और महिलाओं को उनकी सुरक्षा और विभिन्न हेल्पलाइन नंबरों के बारे में जानकारी प्रदान करने पर केंद्रित है।
मिशन शक्ति उत्तर प्रदेश सरकार की एक प्रमुख पहल है, जिसका लक्ष्य महिलाओं और बालिकाओं को सुरक्षित माहौल प्रदान करना, उनके खिलाफ होने वाले अपराधों को रोकना है। एंटी रोमियो टीम द्वारा सार्वजनिक स्थानों पर छेड़छाड़ और असामाजिक तत्वों पर नकेल कसने के लिए सक्रिय किया गया है।
महराजगंज पुलिस, पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व में, इस अभियान को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए सक्रिय रूप से कार्य कर रही है।इस अभियान के तहत टीम द्वारा स्कूलों और कॉलेजों में जागरूकता, महिला बीट आरक्षी और एंटी रोमियो टीमें स्कूलों और कॉलेजों में जाकर छात्र-छात्राओं को मिशन शक्ति के उद्देश्यों के बारे में बता रही हैं। छात्राओं को आत्मरक्षा के उपायों और आपातकालीन स्थिति में हेल्पलाइन नंबरों का उपयोग करने की जानकारी दी जा रही है। बाजारों और सार्वजनिक स्थानों पर एंटी रोमियो टीम द्वारा बाजारों, मंदिरों, कोचिंग सेंटरों और अन्य भीड़-भाड़ वाले स्थानों पर जाकर महिलाओं और बालिकाओं से संवाद किया जा रहा है। तथा इन स्थानों पर हेल्पलाइन नंबरों के पोस्टर और पैंफलेट वितरित किए जा रहे हैं ताकि लोग आपातकाल में तुरंत सहायता प्राप्त कर सकें। अभियान के तहत महिलाओं और बालिकाओं को विभिन्न हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी दी जा रही है। इनमें शामिल हैं:
वुमेन पावर लाइन 1090
महिला हेल्पलाइन 181
मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076
पुलिस आपातकालीन सेवा: 112
चाइल्ड हेल्पलाइन: 1098
स्वास्थ्य सेवा 102
एम्बुलेंस सेवा 108
महराजगंज में मिशन शक्ति 5.0 अभियान पुलिस अधीक्षक के कुशल नेतृत्व में महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा और सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।