सेहत को नुकसान पहुंचने का खतरा हो तो रोजा छोड़ सकती है गर्भवती महिला - उलमा
सैय्यद फरहान अहमद
गोरखपुर, उत्तर प्रदेश।
रमज़ान हेल्प लाइन नंबर 9454674201 पर बुधवार को सवाल-जवाब का सिलसिला जारी रहा। उलमा ने क़ुरआन व हदीस की रोशनी में जवाब दिया।
1. सवाल : हामिला (गर्भवती) महिला के लिए रोज़े का क्या हुक्म है?
जवाब : अगर हामिला (गर्भवती) महिला को रोज़ा रखने की वजह से खुद की या बच्चे की सेहत को नुकसान पहुंचने का खतरा हो तो रोज़ा छोड़ने की इजाज़त है। हां बाद में इनकी क़ज़ा करना ज़रूरी है।
2. सवाल : रोजे की हालत में आंख में दवा डालना कैसा?
जवाब : रोज़े की हालत में आंख में दवा डालना जायज़ है, इससे रोजा नहीं टूटेगा, अगरचे उसका जायका हलक में महसूस हो।
3. सवाल : रोज़े की हालत में जख्म पर मरहम या दवा लगा सकते हैं?
जवाब : हां। लगा सकते हैं।
4. सवाल : इंजेक्शन के ज़रिए खून निकाला तो वुजू टूट जाएगा?
जवाब : हां। वुजू टूट जाएगा।