न्यायालय के नाराजगी ने अभियुक्तों को रिमांड लेने से किया इनकार, कारण स्पष्ट
शहाबुद्दीन अहमद
बेतिया, बिहार
स्थानीय व्यवहार न्यायालय में अवस्थित,पोक्सो एक्ट के एक मामले मेंअभियुक्त की गिरफ्तारी का कारण नहीं बताने पर न्यायालय ने घोर नाराजगी जताते हुए गिरफ्तार 8अभियुक्तों को रिमांड करने से इनकार कर दिया। यह कार्रवाई इनरवा थाना कांड संख्या 142/2025 से संबंधित है।पोक्सोअधिनियम के विशेष न्यायाधीश,जावेद आलम ने इस प्रकरण को माननीय सुप्रीम कोर्ट के गाइड लाइन का उल्लंघन बताते हुए अभियुक्तों को रिमांड करने से मना कर दिया है। न्यायाधीश ने इनरवा थाने के थाना अध्यक्ष के साथ कांड के अनुसंधानकर्ता को कारण बताओं नोटिस निर्गत किया है।थानाअध्यक्ष, अनुसंधान कर्ता को 10 दिन केअंदर जवाब देने को कहा गया है। जारी नोटिस में न्यायाधीश ने थानाअध्यक्ष और अनुसंधान कर्ता से पूछा है कि किन परिस्थितियों मेंअभियुक्तों के गिरफ्तारी के कारण और आधार की प्रतिवेदन न्यायालय में नहीं दी गई है, और ना ही इसका जिक्र केस डायरी में ही किया गया है।
न्यायाधीश ने इस मामले को सुप्रीम कोर्ट द्वारा गिरफ्तारी और रिमांड के संबंध में दिए गए प्रावधानों का उल्लंघन माना है।न्यायाधीश ने कहा है कि सुप्रीम कोर्ट द्वारा जारी दिशा निर्देश केअनुसार थाना अध्यक्ष,अनुसंधानकर्ता को अभियुक्त की गिरफ्तारी का कारण औरआधार बताना आवश्यक है,कोई शक नहीं कि इस कसे में थानाअध्यक्ष और अनुसंधानकर्ता को ने गिरफ्तारी और रिमांड के लिए जारी दिशा निर्देशों को नजर अंदाज किया है,जो संवैधानिक और न्यायिक प्रक्रिया का उल्लंघन है।